सोमवार, 28 मार्च 2011

सूक्ति

सूक्ति
हर वो सम्बन्ध जो राष्ट्र हित में हो अच्छा है
परन्तु लोकतंत्र की रक्षा के लिए किया गया सम्बन्ध उससे भी अच्छा है .
भूल कभी हो ही नहीं ये अच्छी बात है
लेकिन लोकतंत्र के हित में अपनी भूल स्वीकारना और भी अच्छी बात है .
आईये हम सब मिलकर भारतीय-लोकतंत्र को और मजबूत बनायें ....!
जय हिंद ! जय भारत !
      "रवीन्द्र"

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